मानसून का बुखार : गंभीर होने से पहले पहचानें चेतावनी के संकेत

डॉ. पंकज आनंदडायरेक्टर– इंटरनल मेडिसिनफोर्टिस एस्कॉर्ट्स हॉस्पिटलजयपुर

मानसून गर्मी से राहत लेकर आता हैलेकिन इसके साथ आने वाली नमीबारिश और जगह-जगह जमा पानी मौसमी संक्रमणों के लिए अनुकूल परिस्थितियां भी पैदा करते हैं। इस मौसम में डेंगूमलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मच्छरजनित बीमारियां आम होती हैं। वहींटाइफाइडडायरिया और बुखार के अन्य कारण भी सामने आ सकते हैंजिन पर समय रहते ध्यान देना आवश्यक है।

मानसून के दौरान सावधानी क्यों जरूरी है? 

इस मौसम में बुखार होना आम हैलेकिन इसके कई अलग-अलग कारण हो सकते हैं। डेंगूमलेरियाचिकनगुनिया और अन्य संक्रमणों की शुरुआत में लक्षण एक जैसे दिखाई दे सकते हैं। यदि बुखार लगातार बना रहे तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिएखासकर जब इसके साथ अत्यधिक कमजोरीबार-बार उल्टीपेट दर्दरक्तस्रावसांस लेने में परेशानी या असामान्य रूप से अधिक नींद या सुस्ती जैसे लक्षण हों। समय पर जांच कराने से बीमारी के सही कारण की पहचान करने और उचित उपचार शुरू करने में मदद मिलती है।

 

किन बीमारियों से रहें सावधान?

डेंगूमलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मच्छरजनित बीमारियां ऐसे स्थानों पर तेजी से फैल सकती हैंजहां पानी जमा रहता है और मच्छरों को पनपने का अवसर मिलता है। टाइफाइड और डायरिया जैसी बीमारियां आमतौर पर दूषित भोजन या पानी से जुड़ी होती हैं। स्क्रब टाइफस और लेप्टोस्पायरोसिस अपेक्षाकृत कम सामान्य हैंलेकिन ये भी बुखार का कारण बन सकते हैं। लक्षणों और संभावित संक्रमण के संपर्क के आधार पर चिकित्सकीय जांच आवश्यक हो सकती है।

 

डॉक्टर से कब संपर्क करें?

तेज या लगातार बना रहने वाला बुखारतेज सिरदर्द या शरीर में दर्दबार-बार उल्टीपेट दर्दत्वचा पर चकत्तेरक्तस्रावसांस लेने में कठिनाईभ्रम या मानसिक स्थिति में बदलावअत्यधिक कमजोरी या पेशाब की मात्रा कम होना जैसे लक्षणों को नजरअंदाज न करें। यदि बुखार लगातार बना रहता है या लक्षण बढ़ते हैंतो स्वयं दवा लेने से बचें और डॉक्टर से परामर्श लें।

 

खुद को सुरक्षित रखने के आसान उपाय

कूलरटायरगमले या अन्य बर्तनों में पानी जमा न होने दें।

पानी के कूलर और पानी रखने वाले बर्तनों को नियमित रूप से खाली करके साफ करें।

घर में पानी रखने वाले बर्तनों को ढककर रखें।

मच्छर भगाने वाली दवाओंमच्छरदानी और पूरी बांह के कपड़ों का उपयोग करें।

स्वच्छ और सुरक्षित पानी पिएं तथा ताजा तैयार भोजन का सेवन करें।

नियमित रूप से हाथ धोएंविशेषकर भोजन करने से पहले और शौचालय के उपयोग के बाद।

अनावश्यक रूप से जमा या संभावित रूप से दूषित पानी के संपर्क में आने से बचें।

बुखार लगातार बना रहे या चेतावनी के संकेत दिखाई दें तो डॉक्टर से संपर्क करें।

मानसून के दौरान होने वाला हर बुखार गंभीर नहीं होतालेकिन लगातार बने रहने वाले बुखार को कभी भी हल्के में नहीं लेना चाहिए। कुछ आसान सावधानियां अपनाकरचेतावनी के संकेतों को पहचानकर और समय पर चिकित्सकीय जांच करवाकर मौसमी बीमारियों से बचाव किया जा सकता है और बारिश के मौसम में जटिलताओं का जोखिम कम किया जा सकता है।